मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ शासन और केंद्रीय ऊर्जा मंत्री भारत सरकार : छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर कंपनी में व्याप्त विभिन्न श्रमिक समस्याओं का निराकरण किये जाने की मांग
Praveen Nishee Tue, Sep 2, 2025
मनेंद्रगढ़। एमसीबी। मिथिलेश दुबे जिला संयोजक /प्रभारी छत्तीसगढ़ बिजली कर्मचारी संघ-महासंघ ने बताया कि मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ शासन और केंद्रीय ऊर्जा मंत्री भारत सरकार मनोहर लाल खट्टर को कलेक्टर जिला मनैनद्रगढ़ चिरमिरी भरतपुर के द्वारा ज्ञापन दिया गया है, जिसमें छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर कंपनी में व्याप्त विभिन्न श्रमिक समस्याओं का निराकरण किये जाने की मांग की गई है।
भारतीय मजदूर संघ से संबद्ध छत्तीसगढ़ बिजली कर्मचारी संघ-महासंघ के द्वारा छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर कंपनीज के कर्मचारियों से संबंधित व्याप्त श्रमिक समस्याओं के निराकरण हेतु संदर्भित पत्र के माध्यम से चरणबद्ध आंदोलन की सूचना दी गयी है। उक्त आंदोलन के समर्थन में आज 29.08.2025 को आमसभा/प्रदर्शन कर इस ज्ञापन के माध्यम से आपका ध्यान आकर्शित करते हुए समाधान की अपेक्षा से निम्नलिखित बिन्दुओं पर भभीघ्र निर्णय लेने का अनुरोध किया गया जिसमें 01. राज्य सरकार की तरह पॉवर कंपनी में पुरानी पेंशन योजना लागू किया जावे छत्तीसगढ़ प्रदेश में राज्य सरकार द्वारा पुरानी पॉश्न योजना लागू करते हुए राज्य सरकार के सभी कर्मचारियों के लिए 01.04.2022 से पुरानी पेंशन योजना लागू की गई है, किन्तु पॉवर कंपनी में अभी तक लागू नहीं हो पायी है। जबकि इस हेतु राज्य सरकार से सहमति प्राप्त हो चुका है। अतः महासंघ इस ज्ञापन के माध्यम से मांग करता है कि राज्य सरकार के आदेश के अनुरूप पॉवर कंपनीज में भी 01.04.2004 के पश्चात् नियुक्त कर्मियों के लिए भी पुरानी पेंशन योजना लागू किया जावे। 02. पॉवर कंपनी में कार्यरत संविदा कर्मचारियों को पूर्व की भांति नियमित किया जावे : पॉवर कंपनी का मूल आधार तकनीकी कर्मचारियों, जिनका नियमित प्रकृति के कार्य होने के उपरांत भी इनके पदों पर पूर्व में अलग-अलग तीन बार पूर्ववर्ती विद्युत मंडल एवं वर्तमान कंपनी प्रबंधन द्वारा संविदा नियुक्तियां की गई है, तथा प्रबंधन द्वारा नियत अंतराल के बाद नियमित भी किया गया। नियमित तकनीकी कर्मचारियों की भयंकर कमी को देखते हुए विद्युत कंपनी में नियमित / स्थायी प्रवृति के कार्य हेतु विगत कई वर्षों से कार्यरत सीधी भर्ती एवं भू-विस्थापित के तहत् नियुक्त समस्त संविदा लाईन कर्मचारियों को पूर्व की भांति नियमित किया जावे। 03. पॉवर कंपनी में तकनीकी कर्मचारियों को भी 3% तकनीकी भत्ता प्रदान किया जावे: पॉवर कंपनी में कार्यरत अधिकारियों को 3% तकनीकी भत्ता प्रदान किया जा रहा है, जबकि पावर प्लांट, सब स्टेशनों सहित टावर लाईन एवं एल.टी. लाईनों की देखभाल मरम्मत एवं उपभोक्ता सेवा का वास्तविक मैदानी कार्य तकनीकी कर्मचारियों के द्वारा ही संपादित किया जाता है। पॉवर कंपनी सानते हुए ट्रेड एस्टिब्लेशमेंट नियम के तहत कार्यों के घंटे (7) व छुटिटयां निधारित करती है। अतः पॉवर कंपनी में कार्यरत कनिष्ठ यंत्री सहित समस्त तकनीकी क..नि.कधारिया की भी 3% तकनीकी भत्ता प्रदान किया जावे। 04. पॉवर कंपनी में सुनिश्चित कैरियर प्रोन्नयन योजना- चतुर्थ उच्चतर वेतनमान लागू किया जावे -पॉवर कंपनी में कार्यरत अधिकांश अधिकारी / कर्मचारियों को वार्षिक वेतनवृद्धि में अवरोध (स्टेगनेट) हो जाने पर किसी कारण के वार्षिक वेतनवृद्धि का लाभ नहीं मिल पा रहा है। विदित हो कि वर्ष 2014-15 में तत्कालिन राज्य सरकार के द्वारा चुनाव के समय कर्मियों के लिए चतुर्थ वेतनमान लागू किये जाने की घोशणा की गयी थी, किन्तु लागू नहीं किया गया, जबकि वर्तमान में मध्यप्रदेश में भाजपा नीत राज्य सरकार के द्वारा इसे लागू कर दिया गया है। अतः छत्तीसगढ़ स्टेट में सुनिश्चित 6 कैरियर प्रोन्नयन योजना- चतुर्थ उच्चतर वेतनमान लागू किया जावे। 05. तीन के स्थान पर छः स्टेगनेशन एलाउंस प्रदान किया जावे पूर्ववर्ती विद्युत मंडल एवं वर्तमान पॉवर कंपनीज् द्वारा अपने अधिकारी / कर्मचारियों के प्रत्येक पाँच वर्षों में वेतन पुनरीक्षण किया जाता रहा, लेकिन वर्ष 2016 में इसे परिवर्तित कर केन्द्रीय वेतन आयोग के तर्ज पर 10 वर्षों का किया गया, जिसके फलस्वरूप हजारों कर्मचारी वेतन अवरोध (Stagnation) का शिकार हो गये। अतः पॉवर कंपनी के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को तीन के स्थान पर छः स्टेगनेशन एलाउंस प्रदान किया जावे। 06. पॉवर कंपनी में रिक्त पदों पर शीघ्र नयी भर्ती किया जावे पॉवर कंपनी में सभी वर्ग के कर्मचारियों की लगातार सेवानिवृत्त होने एवं नई भर्ती नहीं होने से मैदानी क्षेत्रों में कर्मचारियों की कमी निरंतर बनी हुई है, जबकि उपभोक्ताओं की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है। अतः तृतीय व चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के सभी पदों पर लंबित रिक्त पदो पर नई भर्ती प्रक्रिया प्रारंभ किया जावे। 07. पॉवर कंपनी की भर्ती प्रकिया में आउटसोर्स / ठेका कर्मियों को प्राथमिकता दी जावे: पॉवर कंपनी में तकनीकी व कार्यालयीन कर्मियों की भारी कमी है जिसके लिये शीघ्र भर्ती प्रकिया प्रारंभ किया जावे, एवं यह सर्वविदित है कि पावर कंपनी में हजारों की संख्या में कंपनी की शैक्षणिक योग्यता रखने वाले युवा कार्य कर रहे हैं इसमें सैकड़ों ऐसे भी युवा है जो कि दस वर्ष से भी अधिक समय से कार्य कर रहे हैं ऐसे योग्य व अनुभवी कर्मचारियों को भर्ती में प्राथमिकता प्रदान किये जाने से निश्चित तौर पर सेवा की गुणवत्ता में सुधार ही होगा। अतः पॉवर कंपनी के भर्ती प्रक्रिया में आउटसोर्स / ठेका कर्मियों को प्राथमिकता प्रदान किया जावे।08. बाह्यस्रोत/ठेका कर्मचारियों को हरियाणा सरकार के तर्ज पर सीधे पॉवर कंपनी द्वारा वेतन / मजदूरी का भुगतान किया जावे एवं उनकी जॉब सेक्युरिटी 62 वर्ष सुनिश्चित किया जावे: हरियाणा प्रदेश में बाह्यस्रोत /ठेका प्रथा को पूर्ण रूप से बंद कर उनके वेतन/मजदूरी का भुगतान सीधे निगम के माध्यम से भुगतान कर उनकी जॉब सेक्युरिटी निश्चित की गयी है। अतः हरियाणा सरकार के तर्ज पर छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर कंपनी में भी कार्यरत बाह्यस्रोत/ ठेका कर्मचारियों को सीधे पॉवर कंपनी के द्वारा भुगतान किया जावे एवं उनकी जॉब सेक्युरिटी 62 वर्ष सुनिश्चित किया जावे। महासंघ इस ज्ञापन के माध्यम से मांग करता है कि पॉवर कंपनी के संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करते हुए उपरोक्त समस्याओं / मांगों का शीघ्र निराकरण करवाने का कष्ठ करेंगे। अन्यथा की स्थिति संघ के द्वारा आन्दोलन कार्यक्रम को व्यापक करते हुए आगामी 9 अक्टूबर 2025 को पॉवर कंपनी मुख्यालय समक्ष वृहद धरना/प्रदर्शन किया जाएगा, जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी शासन व विद्युत कंपनी प्रबंधन की होगी।
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