: 53वीं अखिल भारतीय खान बचाव प्रतियोगिता-2024 में छाया एसईसीएल की रेस्क्यू टीम का परचम, महिलाओं की टीम ने रचा इतिहास
Admin Mon, Dec 23, 2024
मनेंद्रगढ़। एमसीबी। खनन उद्योग, जो अपने उच्च जोखिम और चुनौतीपूर्ण कार्य प्रकृति के लिए जाना जाता है, एक बार फिर साहस, समर्पण और उत्कृष्टता का साक्षी बना। इसी कड़ी में, कोल इंडिया लिमिटेड की अनुषंगी कंपनी बीसीसीएल द्वारा धनबाद में आयोजित 53 वीं अखिल भारतीय खान बचाव प्रतियोगिता-2024 में साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (एसईसीएल) की रेस्क्यू टीम ने शानदार प्रदर्शन कर परचम लहराया। इस प्रतियोगिता में कुल 32 टीमें शामिल हुईं, जिसमें कोल इंडिया की 6 अनुषंगी कंपनियों के साथ-साथ प्राइवेट और धातु खनन उद्योग से भी टीमें हिस्सा ले रही थीं।
एसईसीएल की रेस्क्यू टीम ने इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में विभिन्न स्पर्धाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर अपनी काबिलियत का परिचय दिया। विशेष रूप से, रेस्क्यू रिले रेस स्पर्धा में टीम "बी" ने पहला स्थान हासिल किया, जबकि टीम "ए" दूसरे स्थान पर रही। इस वर्ष एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए एसईसीएल की महिला रेस्क्यू टीम ने पहली बार अखिल भारतीय खान बचाव प्रतियोगिता में भाग लिया और अपनी योग्यता का शानदार परिचय दिया। महिला टीम ने थ्योरी टेस्ट में प्रथम स्थान और प्राथमिक उपचार प्रतियोगिता में दूसरा स्थान हासिल कर सभी को गौरवान्वित किया।
इस प्रतियोगिता में कोल इंडिया की कंपनियों बीसीसीएल, सीसीएल, एमसीएल, डब्ल्यूसीएल और एसईसीएल के अलावा आंध्रप्रदेश की सिंगरेनी कोल कंपनी, टाटा स्टील, अंबुजा सीमेंट, सिस्को लिमिटेड जैसी प्राइवेट कंपनियों और धातु खनन उद्योग की प्रतिष्ठित कंपनियों जैसे हिंदुस्तान जिंक लिमिटेड, हिंदुस्तान कॉपर लिमिटेड, मैंगनीज ओर इंडिया लिमिटेड, यूसीआईएल, आईएमएफए और हट्टी गोल्ड लिमिटेड ने भी हिस्सा लिया।
प्रतियोगिता में एसईसीएल की टीम के शानदार प्रदर्शन और महिला टीम की ऐतिहासिक भागीदारी ने सभी के दिलों में सम्मान अर्जित किया। टीम की इस शानदार सफलता पर एसईसीएल के अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक, माननीय डॉ. प्रेम सागर मिश्रा ने टीम के सभी सदस्यों की भूरि-भूरि प्रशंसा की और शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा, "एसईसीएल की रेस्क्यू टीम ने न सिर्फ अपनी क्षमता का परिचय दिया है, बल्कि खनन उद्योग में साहस और निष्ठा की एक मिसाल भी कायम की है।"
इस सफलता के पीछे एसईसीएल के महाप्रबंधक (बचाव) मनोज बिशनोई, रेस्क्यू सुपरिन्टेन्डेन्ट विकेश श्रीवास्तव, सह निर्णायक पंकज रॉय और कोचिंग टीम के सदस्यों स्वप्निल, मनोज वाघमारे, जीतेंद्र, और तेजिंदर का महत्वपूर्ण योगदान रहा। उनकी योजना और प्रशिक्षण ने टीम को उत्कृष्टता के शिखर पर पहुंचाया।
आज जब खनन उद्योग में खतरे और जोखिमों से निपटने के लिए अत्याधुनिक तकनीक और सतर्कता की आवश्यकता है, ऐसे में रेस्क्यू टीमों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण हो जाती है। एसईसीएल की टीम ने यह साबित कर दिया है कि कठिन परिश्रम, समर्पण और साहस से हर चुनौती को जीता जा सकता है।
एसईसीएल परिवार की इस अप्रतिम सफलता ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि भविष्य की चुनौतियों से निपटने के लिए हमारे कर्मठ योद्धा पूरी तरह से तैयार हैं। ई
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