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20th October 2026

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वो हादसा भी कितना अजीबो गरीब था... वो आग से जला जो नदी के करीब था...

: विश्व पर्यावरण दिवस पर संगोष्ठी का आयोजन

Admin Mon, Jun 3, 2024

मनेन्द्रगढ़।एमसीबी।  5 जून 2024 विश्व पर्यावरण दिवस पर अंचल की साहित्यिक एवं पर्यावरण संरक्षण हेतु 48 वर्षों की सचेतक संस्था संबोधन साहित्य एवं कला विकास संस्थान द्वारा पर्यावरण एवं पर्यटन विषय पर एक सेमिनार का आयोजन किया जा रहा है संस्था अध्यक्ष अनिल जैन ने बताया कि आमाखेरवा हसदो नदी के तट पर विश्व स्तरीय गोंडवाना मेरीन फॉसिल पार्क स्थल में 5 जून बुधवार सायं 5:00 से आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम में मनेन्द्रगढ़ वन मंडल के अधिकारियों सहित मनेन्द्रगढ़ के अग्रणी महाविद्यालय शासकीय विवेकानंद महाविद्यालय की प्राचार्य श्रीमती सरोज बाला बिश्नोई, चिरमिरी लाहड़ी महाविद्यालय के प्राचार्य श्री राम किंकर पांडे, भूगर्भ शास्त्र के विद्वान प्राध्यापक, बैकुंठपुर पुरातत्व विभाग के विशेषज्ञ वाल्मीकि दुबे एवं वरिष्ठ साहित्यकार रुद्र नारायण मिश्रा ,योगेश गुप्ता,शैलेन्द्र श्रीवास्तव, महेंद्रगढ़ के विद्वान साहित्यकारों , शिक्षाविदों एवं गणमान्य नागरिकों के पहुंचने की संभावना है. संबोधन पर्यावरण विभागाध्यक्ष बीरेन्द्र श्रीवास्तव ने कहा कि इस आयोजन का उद्देश्य नागरिकों पत्रकारों एवं विद्वान मनीषियों को मनेन्द्रगढ़ में स्थित इस विश्व धरोहर के विकास के कार्यों की जानकारी एवं भविष्य के विकास की रूपरेखा के लिए सुझाव और पर्यावरण की चिताओं एवं समाधान से आम नागरिकों को सचेत करना है. पत्र पत्रिकाओं के माध्यम से इस क्षेत्र की पर्यावरणीय एवं पर्यटन स्थलोँ को देश के मानचित्र मे चित्रित करने का एक प्रयास है. ताकि मनेन्द्रगढ़ अंचल के पर्यटन को बढ़ाया जा सके. स्मरणीय है कि मनेन्द्रगढ़ में हंसदो नदी के तट पर प्राप्त 29 करोड़ वर्ष पुराने "प्राकृतिक गोंडवाना समुद्री जीवाश्म" विश्व की एक ऐसी धरोहर है जो पूरे भारत में केवल मनेन्द्रगढ़ छत्तीसगढ़ में पाई गई है. इस तरह के समुद्री जीवाश्म साउथ अमेरिका, साउथ अफ्रीका के बाद मनेन्द्रगढ़ में पाए गए हैं जो पृथ्वी में जीवन की उत्पत्ति एवं प्राकृतिक संरचना में एशिया महाद्वीप के साउथ अफ्रीका से अलग होने की धारणा को बल देते हैं.

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