Advertisment

8th June 2026

BREAKING NEWS

छत्तीसगढ़ मुख्यमंत्री विष्णु देव साय द्वारा बीरेन्द्र श्रीवास्तव की पुस्तक का विमोचन

सराहनीय सामाजिक सरोकार, जरूरतमंदों के बीच राहत सामग्री वितरित

गैस पाइपलाइन कार्य में लगे कंटेनर से टकराई बाइक, तीन युवक घायल; एक अंबिकापुर रेफर

जागृति महिला समिति द्वारा पर्यावरण संरक्षण हेतु विविध कार्यक्रमों का सफल आयोजन संपन्न

कलेक्टर संतन देवी जांगड़े ने साइकिल चलाकर दिया स्वस्थ जीवन का संदेश, हजारों कदमों के साथ गूंजा फिट इंडिया का संकल्प

रेल विकास का संबोधन संस्थान का प्रयास अब होगा सफल : नागपुर - चिरमिरी नई रेलवे लाइन पर 2028 में चलने लगेगी गाड़ियां

Praveen Nishee Thu, Apr 2, 2026

मनेन्द्रगढ़। एमसीबी ।संबोधन साहित्य कला विकास संस्थान मनेंद्रगढ़ का चिरमिरी और मनेन्द्रगढ़ को चिरमिरी - बरवाडीह रेल लाइन मार्ग से जोड़ने हेतु 2013 से किया जा रहा प्रयास अब मूर्त रूप लेने लगा है। उप मुख्य रेल इंजीनियर द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार नागपुर -चिरमिरी के बीच 17 किलोमीटर की नई रेलवे लाइन का कार्य बहुत जल्द प्रारंभ होने की संभावना है। ज्ञात हो कि इस रेल लाइन के सर्वे कराने से लेकर  सीमांकन पत्थर लगाने तक के कार्य मे रेलवे इंजीनियर को हर संभव सहयोग देने में संस्था की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। रेलवे के पूर्व उप महाप्रबंधक एवं संबोधन संस्थान मनेन्द्रगढ़ के सम्माननीय सदस्य भानु प्रकाश सिंह द्वारा प्रधानमंत्री कार्यालय के माध्यम से एस ई सी आर रेलवे को प्रेषित पत्र के संदर्भ में प्राप्त जानकारी के अनुसार मनेंद्रगढ़- सीबी जिला कलेक्टर कार्यालय से भूअधिग्रहण का 16.92 करोड़ का मुआवजा पत्रक रेलवे बोर्ड को प्राप्त हो चुका है जो रेलवे बोर्ड दिल्ली को भुगतान हेतु प्रेषित कर दिया गया है। इस संबंध में जॉइंट सर्वे के द्वारा अधिग्रहित भूमि का चिन्हांकन भी अंतिम चरण पर है। रेलवे बिलासपुर द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार इस भू अधिग्रहण एवं छ.ग. वन विभाग की अधिग्रहित भूमि क्लियरेंस की कार्यवाही भी अंतिम चरण पर है जिसके 2026 अप्रैल माह तक पूरा हो जाने की उम्मीद है। रेलवे ने विश्वास दिलाया है कि वर्ष 2028 अप्रैल तक यह रेल लाइन पूरी हो जाएगी।

 संबोधन विचार मंच के विभाग अध्यक्ष बीरेन्द्र श्रीवास्तव ने संस्था की ओर से खुशी जाहिर करते हुए कहा कि संस्था के द्वारा नागपुर - चिरमिरी रेल लाइन के लिए किए जा रहे कार्यों का प्रतिफल अब दिखाई देने लगा है। ब्रिटिश कालीन 1928 में कोयला परिवहन के लिए बने अनूपपुर चिरमिरी रेल लाइन से आगे चिरमिरी- बरवाडीह रेल लाइन बढ़ाने की योजना ब्रिटिश काल की योजना है जो द्वितीय विश्व युद्ध के बाद भारत की आजादी आंदोलन के कारण कारण पांच स्टेशन बनाकर भी रोक दी गई थी। इस रेल लाइन का कार्य पूर्ण हो जाने पर मुंबई- कोलकाता की यह सबसे छोटी लाइन होगी। जिससे इस रेल मार्ग की दूरी 400 किलोमीटर कम हो जाएगी। वर्तमान में इस रेल लाइन के पूरा हो जाने पर अंबिकापुर से चलने वाली सभी एक्सप्रेस, एवं  सवारी गाड़ियां  चिरमिरी मनेंद्रगढ़ रेल मार्ग से गुजरेंगी, जिसका फायदा इस अंचल के 2 लाख से भी ज्यादा जनसंख्या को प्राप्त होगा। वही अंबिकापुर निवासियों को चिरमिरी रीवा तथा चंदिया चिरमिरी जैसी जैसी सीधी ट्रेन से जुड़ने का लाभ मिलेगा। बरवाडीह तक जुड़ने के बाद मनेन्द्रगढ़, चिरमिरी क्षेत्र की यह यह नई रेल लाइन जीवन रेखा साबित होगी।

विज्ञापन

जरूरी खबरें