Advertisment

28th July 2026

BREAKING NEWS

पुल शुरू होने से शिक्षा, स्वास्थ्य, व्यापार और आवागमन को मिलेगी नई गति-गौरीशंकर कश्यप

फॉसिल्स पार्क की कहानी पाठ्यक्रम में आने से छात्र-छात्राओं के साथ-साथ अभिभावकों को मिलेगा लाभ

सरगुजा संभागीय बैठक हुई संपन्न, 5 सितंबर की अधिकार रैली को सफल बनाने का लिया संकल्प

विद्यार्थियों को मिले कानूनी अधिकारों, साइबर सुरक्षा, सड़क सुरक्षा, पॉक्सो अधिनियम एवं नशा मुक्ति के महत्वपूर्ण संदेश

डायल 112वाहन मे ड्यूटी के दौरान शराब सेवन कर ड्यूटी करने वाले आरक्षक को तत्काल प्रभाव से किया गया निलंबित

: चींटियो का संसार, आख़िर कैसे ये बनाती है,अपनी कॉलोनी गज़ब की है इनकी इंजीनियरिंग

https://youtu.be/yxxYLl9uSeY?si=vptd56-Dgo65cgsX मनेन्द्रगढ़।एमसीबी।सोनहत के जंगलों में अनेक चींटियों के कॉलोनी बनी हुई है पास से जाकर जब देखे तो इनका  भी एक कालोनी होता है ये अनुशासन से कार्य करते देखे जा सकते है, बाहर एक मेड़ भी बनाते है जिससे पानी इनके बिलों में न जाये गजब की इनकी इंजीनियरिंग होती है । चींटी हरेक के घर, आंगन ,खेत मे मिल ही जाती है ये अनुशासित होती है ये एक के पीछे चलती अनुशासन से चलते मिलेगी, वही ये एक इंजीनियर की भांति अपना एक कॉलोनी अंदर ही अंदर बना लेती है। आख़िर कैसे ये अपनी कॉलोनी बनाती है आपको पता है इनके बारे में ये काम वर्कर चीटियो का काम होता है उनके  अगले जोड़ी पैर फोरोसियल टाइप (खुदाई काने योग्य) होते हैं। इनकी मदद से ये प्राकृतिक दरारों व गड्ढों को चौड़ा व गहरा कर देते हैं। नर्म मिटटी मिल जाने पर वह अंदर के चैम्बर आसानी से बना लेती हैं। धीरे धीरे वह एक कॉलोनी का रूप ले लेती है। इस प्रकार यदि जगह उपयुक्त हुई तो समय के साथ बिल गहरा होता जाता है।

विज्ञापन

जरूरी खबरें